
कांगड़ा. 1 हज़ार करोड़ रुपये की मनी लॉन्ड्रिंग में
गिरफ़्तार किये गये चीनी नागरिक लुओ सांग उर्फ़ चार्ली पेंग से सुरक्षा
एजेंसियों द्वारा पूछ्ताछ जारी है. पूछताछ के दौरान तिब्बत के सर्वोच्च
धर्मगुरू दलाई लामा (Dalai Lama) की जासूसी मामले का भी पर्दाफ़ाश हुआ था
जिसको लेकर हिमाचल प्रदेश पुलिस (Himachal Pradesh Police) और सुरक्षा
एजेंसियां सतर्क हो चुकी हैं. लगातार धर्मशाला, कांगड़ा और मंडी के उन
इलाकों में गुपचुप तौर तरीकों से दबिश दी जा रही है, जहां या तो सन्दिग्ध
निर्बासित तिब्बती और विदेशी रहते हैं या जिन लोगों का जाने-अनजाने में
आरोपी लुओ सांग के साथ पाला पड़ा है.
फ़िलहाल खूफिया सुरक्षा एजेंसियों और हिमाचल प्रदेश पुलिस
के एक डीआईजी रैंक के अधिकारी द्वारा तीसरे दिन भी कुछ निर्वासित
तिब्बतियों से जोगिंद्रनगर/चौंतड़ा में पूछताछ की गई है. बता दें कि इस
हाईप्रोफाइल मामले को लेकर पुलिस व खुफिया विभाग के अधिकारी इस मामले में
कुछ भी बताने से बच रहे हैं. सूत्रों के हवाले से मिली जानकारी के मुताबिक़
आने वाले कुछ दिनों में इस हाईप्रोफाइल मामले को लेकर कोई बड़ा खुलासा हो
सकता है.
दिल्ली से हुई थी गिरफ्तारी
गौरतलब है कि दिल्ली में हवाला मामले में गिरफतार चीनी
नागरिक लुओ संग उर्फ चार्ली पेंग पर दिल्ली में बौद्ध लामाओं को रिश्वत
देकर दलाईलामा से जुड़ी जानकारी जुटाने के आरोपों के चलते खुफिया विभाग व
पुलिस अधिकारी पिछले तीन दिनों से चौगान, बीड़ व चौंतडा में दबिश दे चुके
हैं. इसके साथ ही तिब्बत समुदाय से जुड़े लोगों से पूछताछ कर जानकारी ले
रही है. वहीं बीते शुक्रवार को भी धर्मशाला की निवासी एक विदेशी महिला व
उसकी बेटी से बैजनाथ डीएसपी दफतर में करीब 2 घंटे तक गुपचुप तरीके से
पूछताछ की गई थी. साथ ही बीते शनिवार को भी निर्वासित तिब्बतियों से इस
मामले में पूछताछ की गई है. सूत्रों की मानें तो इस जांच में खुफिया विभाग
चार्ली पेंग के मैक्लोडगंज कनेक्शन की जांच कर रही है, जिसके तार चौंतड़ा
या समीपवर्ती अन्य इलाके से भी जुडऩे के कयास लगाए जा रहे हैं.
